
रक्तदान महादान: कटनी में पिछले 15 वर्षों से जिंदगियां बचा रही ‘मिलन ब्लड डोनर सोसायटी’, विश्व रक्तदाता दिवस पर पदाधिकारियों ने की बड़ी अपील
कटनी (सत्य संवाद)। ‘रक्तदान करके किसी व्यक्ति को नया जीवन देने की खुशी का अनुभव बहुत विशेष होता है।’ इसी सेवा भाव के साथ कटनी शहर की अग्रणी सामाजिक संस्था ‘मिलन ब्लड डोनर सोसायटी’ पिछले 15 वर्षों से लगातार रक्तसेवा के क्षेत्र में मिसाल कायम कर रही है। 14 जून ‘विश्व रक्तदाता दिवस’ के विशेष अवसर पर संस्था के पदाधिकारियों ने सभी रक्तदाताओं के प्रेरणास्रोत स्व. धर्मवीर तीर्थानी जी को नमन करते हुए आम जनमानस से बढ़-चढ़कर रक्तदान करने की अपील की है।
संस्था के पास हैं 50 से अधिक बार रक्तदान करने वाले ‘महादानी’
’मिलन ब्लड डोनर सोसायटी’ के लिए यह बेहद गौरव की बात है कि संस्था से ऐसे कई समर्पित रक्तदाता (Donors) जुड़े हुए हैं, जो अब तक 50 से अधिक बार (50+ Times) स्वैच्छिक रक्तदान कर चुके हैं। संस्था ने ऐसे सभी वीर रक्तदाताओं के जज्बे को सलाम किया है, जो बिना किसी स्वार्थ के केवल मानव जीवन को बचाने के लिए दशकों से अपना खून दे रहे हैं। ये महादानी आज के युवाओं के लिए प्रेरणा का सबसे बड़ा स्रोत हैं।
स्व. धर्मवीर तीर्थानी जी के सेवा मार्ग पर बढ़ रही संस्था
संस्था के पदाधिकारियों ने बताया कि आज मिलन ब्लड डोनर सोसायटी जिस मुकाम पर है और जितने बड़े पैमाने पर लोगों की जान बचा पा रही है, उसके पीछे हम सभी रक्तदाताओं के मार्गदर्शक और प्रेरणास्रोत स्व. धर्मवीर तीर्थानी जी की प्रेरणा है। उनके दिखाए जनसेवा के मार्ग पर चलते हुए ही संस्था के सदस्य दिन-रात मानवता की सेवा में समर्पित हैं।
साहस और मानवता का प्रतीक है रक्तदान
विश्व रक्तदाता दिवस के मौके पर संस्था के अध्यक्ष सुधीर सोनी ने समाज को प्रेरित करते हुए कहा, “जीवन बचाने के लिए साहस चाहिए होता है, बहादुर बनें और रक्तदान करें।” उन्होंने बताया कि संस्था का हर एक सदस्य हर वक्त शहर में खून की कमी से जूझ रहे मरीजों की मदद के लिए तत्पर रहता है।
वहीं संस्था के नव-नियुक्त उपाध्यक्ष निशांत अग्रवाल ने रक्तदान के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा, “रक्तदान करके किसी व्यक्ति को नया जीवन देने की खुशी का अनुभव बहुत विशेष होता है। हमारा एक छोटा सा प्रयास किसी के उजड़ते परिवार को बचा सकता है।”
ईश्वर की दी हुई योग्यता का करें सही इस्तेमाल
संस्था के सचिव मनोज द्विवेदी ने धार्मिक और नैतिक दृष्टिकोण से प्रेरित करते हुए कहा, “यदि ईश्वर ने आपको योग्य बनाया है कि आप दूसरों की मदद कर सकते हैं, तो रक्तदान जरूर करें।”
इसके साथ ही संस्था के सक्रिय सदस्यों की टीम से अमित तीर्थानी एवं अमित द्विवेदी ने भी संयुक्त रूप से संदेश दिया कि “रक्तदान कीजिए और मानवता के हित में काम कीजिए।”
कई जिस्मों में जिंदा रहने का लाजवाब तरीका
रक्तदान को लेकर युवाओं और आम लोगों में जोश भरते हुए संस्था के कोषाध्यक्ष विकास जायसवाल ने बेहद खूबसूरत पंक्तियों के जरिए अपनी बात रखी। उन्होंने कहा:
“मौका दीजिये अपने खून को किसी की रगों में बहने का,
यही लाजवाब तरीका है कई जिस्मों में जिंदा रहने का।”

15 वर्षों का अटूट विश्वास और सेवा
’सत्य संवाद’ से चर्चा करते हुए मिलन ब्लड डोनर सोसायटी के सदस्यों ने बताया कि पिछले डेढ़ दशक (15 साल) से संस्था बिना किसी स्वार्थ के कटनी और आसपास के क्षेत्रों में रक्त की आवश्यकता को पूरा कर रही है। एक्सीडेंट, थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों और डिलीवरी के वक्त महिलाओं को समय पर रक्त उपलब्ध कराना संस्था की सर्वोच्च प्राथमिकता रही है।
जागरूक सदस्य प्रदान कर रहे हैं संस्था को मजबूती
संस्था के पदाधिकारियों ने बताया कि मिलन ब्लड डोनर सोसायटी को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाने और रक्तसेवा को हर जरूरतमंद तक पहुँचाने में टीम के जागरूक सदस्यों की बहुत बड़ी भूमिका है। संस्था के कर्मठ और जागरूक सदस्य सतीश सोनी, प्रदीप द्विवेदी, नितेश नायक, विजय माखीजा, आशुतोष मिश्रा, शिवा सैनी और प्रशांत कुंठाकर जैसे साथी अपनी सक्रियता से संस्था को निरंतर मजबूती प्रदान कर रहे हैं। इनके सहयोग से ही कटनी शहर में रक्त सेवा का यह कारवां लगातार आगे बढ़ रहा है।
‘सत्य संवाद’ की अपील: रक्तदान से बढ़कर कोई दान नहीं है। आइए, इस विश्व रक्तदाता दिवस पर प्रेरणास्रोत स्व. धर्मवीर तीर्थानी जी के सेवा संकल्पों को याद करते हुए हम सब मिलकर संकल्प लें कि नियमित रक्तदान करेंगे और ‘रक्तदान-जीवनदान’ के इस अभियान को घर-घर तक पहुंचाएंगे।
